MP में रिश्ते शर्मसार! नाबालिग चाचा ने मासूम भतीजी से किया दुष्कर्म, घर पर अकेलेपन का उठाया फायदा
शहडोल। मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के शहडोल (Shahdol) से एक शर्मनाक और हृदयविदारक मामला सामने आया है, जिसने इंसानियत और पारिवारिक रिश्तों दोनों को झकझोर कर रख दिया है। जिला मुख्यालय के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक नाबालिग सगे चाचा ने अपनी ही 6 साल की मासूम भतीजी के साथ दुष्कर्म जैसी घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर किशोर न्यायालय में पेश किया है।
सगे चाचा की डोली नीयत
जानकारी के अनुसार, कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत रहने वाली एक महिला, जो घरों में साफ-सफाई (होम मेड) का काम करती है, रोज की तरह अपने काम पर गई हुई थी। घर पर उसकी 6 वर्षीय मासूम बेटी अकेली थी। इसी सूनेपन का फायदा उठाते हुए बच्ची के नाबालिग सगे चाचा की नीयत डोल गई, उसने रिश्तों की मर्यादा को ताक पर रखकर मासूम के साथ दरिंदगी की। जब पीड़िता की मां काम खत्म कर घर वापस लौटी तो अपनी बेटी की हालत देखकर उसके पैरों तले जमीन खिसक गई।
पुलिस गिरफ्तार कर किशोर न्यायालय में किया पेश
बच्ची की शारीरिक स्थिति और आपबीती सुनकर मां सन्न रह गई, उसने बिना देर किए साहस दिखाया और सीधे कोतवाली थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। आरोपी चाचा के खिलाफ संबंधित धाराओं और पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) के तहत मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया। आरोपी नाबालिग है, इसलिए पुलिस ने उसे गिरफ्तार करने के बाद आवश्यक औपचारिकताओं के साथ किशोर न्यायालय में पेश किया है।
वहीं इस मामले में शहडोल एएसपी अभिषेक दिवान ने जानकारी देते हुए बताया कि एक महिला ने कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई है। जिसमें बताया कि उसकी गैर मौजूदगी में 6 साल की बेटी के साथ उसके देवर ने दुष्कर्म किया। शिकायत के बाद मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया और किशोर न्यायालय में पेश किया गया है। फिलहाल आगे की कार्रवाई की जा रही है।
राशिफल 25 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
‘सरगुजा छेरी बैंक’ मॉडल से ग्रामीण महिलाओं को मिल रही आर्थिक आज़ादी की नई राह
एक्सटेंशन रिफॉर्म (आत्मा) योजना से गोविंद जायसवाल की बढ़ी आमदनी
टीकमगढ़ के डायल 112 हीरोज: दो एफआरव्ही वाहनों की त्वरित मदद से 12 घायलों को पहुँचाया अस्पताल
सामुदायिक पुलिसिंग से बाल विवाह रोकने में मिलीं मध्यप्रदेश पुलिस को सफलताएं
अनुसूचित जाति बालक प्री-मेट्रिक छात्रावास में शिक्षा, अनुशासन और कैरियर मार्गदर्शन से संवरता भविष्य
महिला तेंदूपत्ता संग्राहकों के सशक्तिकरण के लिये प्रदेश में संवेदनशील और दूरदर्शी नीतियां : मुख्यमंत्री डॉ. यादव